पत्थरबाजी हुई तो पुलिस जिम्मेदार,पुलिसकर्मियों को सिविल ड्रेस में घटना वाले स्थानों पर निगरानी करनी होगी, थाना सर्किल वार प्रभारी की जवाबदेही तय – टीएडी मंत्री बाबूलाल खराड़ी
डूंगरपुर,डीपी न्यूज नेटवर्क । टीएडी मंत्री बाबूलाल खराड़ी बुधवार को डूंगरपुर में थे। उन्होंने करीब पौने दो घंटे तक अधिकारियोंे की बैठक ली। इस दौरान उन्होंने कई कामों में ढिलाई को लेकर अधिकारियों को जमकर फटकारा। हाल ही में रामसागड़ा कॉलेज के उद्घाटन का मामला भी उठा। मंत्री ने पूछा, उद्घाटन कैसे हो गया? जल्दबाजी क्या थी, हैंडओवर नहीं हुआ है तो फिर कैसे कर दिया, इसके बाद कोई समस्या आएगी तो कौन जिम्मेदार होगा?। इस पर बैठक में मौजूद एसबीपी नोडल कॉलेज से आए लेक्चरर डॉ. गौरीशंकर मीणा ने कहा कि हमें कोई सूचना नहीं है।
मंत्री ने फिर सवाल करते हुए कहा कि कॉलेज की परमिशन के बिना कैसे हो गया। नेगेटिव जवाब मत दो? मैं सब जानता हूं, ये क्या तरीका है। मानसिकता को बदलिए। बच्चों को भी नहीं रोका, जवाब देने लगे तो मंत्री ने कहा कि आप किसी और को समझाना। यहां जंगलराज नहीं चलेगा। गौरतलब है कि इस मामले में कॉलेज प्रशासन ने पुलिस को लिखित में शिकायत तक नहीं की है। इस दौरान डूंगरपुर की शिल्पग्राम, बजट घोषणा, सड़क, क्षतिग्रस्त नहरें, बिजली, पानी व्यवस्था, पीएम आवास, पंचायतीराज को लेकर काफी चर्चा हुई । बैठक में शिक्षा विभाग के जिला शिक्षा अधिकारी रणछोड़लाल डामोर को कहा कि स्कूली खेलकूद प्रतियोगिता के उद्घाटन में सत्ता पक्ष के लोगों को नहीं बुलाते हो? ऐसा क्यों हो रहा है, इस पर जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि दो जगह पर समस्या आई, इसका समाधान किया गया हैं। जल संसाधन विभाग ने जिले में नहरों का क्षतिग्रस्त नहीं होना बताया तो मंत्री ने कहा कि जिलाध्यक्ष ने बताया कि बाबा की बार नहर समेत अन्य नहरों में लीकेज है।
आप कह कर रहे हैं, कोई क्षतिग्रस्त नहीं है। आपके पास आपके विभाग की जानकारी नहीं है। बैठक में पूरी जानकारी करके आइए। अधिकारी बन कर पंखे के नीचे बैठने से काम नहीं चलेगा। तीन िदन में रिपोर्ट चाहिए। मंत्री ने पत्थरबाजी की घटनाओं की समीक्षा की । इस पर एएसपी अशोक मीना ने बताया कि पुलिस गश्त को प्रभावी कर दिया है। गश्त की आकस्मिक चैकिंग हो रही है। एरिया डोमिनेशन के तहत आरोपियों को पाबंद व गिरफ्तार किया जा रहा है। बाइकर्स राइडर्स के ग्रुप चिन्हित किए है। कोबरा आदि उनके नाम है। मंत्री ने कहा कि सब कोबरा जमीन में घुसेंगे, एक को भी नहीं छोड़ेंगे। मंत्री ने कहा कि सिविल ड्रेस में पुलिसकर्मियों को पत्थरबाजी की घटना वाले स्थानों पर घूमने के निर्देश दिए जाए। थाना सर्किल वार प्रभारी की जवाबदेही तय की जाए, जिससे संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल दी जा सकें।
सीमलवाड़ा पंचायत समिति की झलाप ग्राम पंचायत के ग्राम विकास अधिकारी के सरपंच व अधिकारियों की बात नहीं मानने पर सख्त कार्यवाही करने के निर्देश दिए। इस मौके पर जिला प्रमुख सूर्या अहारी, सभापति अमृतलाल कलासुआ, उपसभापति सुदर्शन जैन, समाजसेवी हरीश पाटीदार ने शहरी क्षेत्र में विद्युत सप्लाई में आ रही बाधा, सीवरेज एवं अन्य कार्यों के लिए खोदी गई सड़कों से आवागमन में आ रही समस्याओं से अवगत करवाया। बैठक में बंशीलाल कटारा, उप वन संरक्षक रंगास्वामी, एडीएम दिनेश धाकड़ आदि मौजूद रहे। बैठक शुरू होते ही सबसे पहला मुद्दा डूंगरपुर के शिल्पग्राम समेत 10 बजट घोषणाओं का उठा। कलेक्टर अंकित कुमार सिंह ने कहा कि 10 में से 9 बजट घोषणा के लिए भूमि का आंवटन कर दिया है । शिल्पग्राम के लिए 30 बीघा भूमि नगरपरिषद ने चिन्हित की है, लेकिन पर्यटन विभाग ने 120 बीघा जमीन की जरूरत बताई है, जहां पर नगरपरिषद ने चिन्हित किया है, वहां पर इतनी जमीन नहीं है। इस पर सभापति बोले कि मेडिकल कॉलेज के पास जमीन को इसलिए चिन्हित किया गया क्योंकि वहां 1 हजार बच्चे पढ़ते है। इनके अभिभावक भी आते रहते हैं। इससे शिल्पग्राम को फायदा होगा। कहीं इंटीरियर स्थान पर बनाने से क्या फायदा होगा। मेडिकल कॉलेज के पास चिन्हित जमीन पर माइनिंग विभाग का काम बंद है।
