भींडर में विशाल राम जन्मोत्सव और हिन्दू धर्म सम्मेलन आज
साध्वी सरस्वती ने कथा में दिलाया राष्ट्र धर्म पालन का वचन
भिंडर । भारतीय नववर्ष स्वागत समिति के तत्वाधान में रेलवे स्टेशन स्थित कृषि उपज मंडी में शुरू हुई राष्ट्रोत्थान श्री राम कथा के छठे दिन साध्वी सरस्वती दीदी के मुखारविंद से कथा में कहा की मनुष्य अपने कर्मों के कारण ही दुखी है कोई किसी को खुश या दुखी नहीं कर सकता है। केवट मार्ग जानता था कि श्री राम साक्षात ब्रह्मा है। केवट में काम क्रोध लोभ तीनों नहीं है। पंडाल में होली महोत्सव मनाते हुए सात्विकता से होली खेलने की सीख दी। स्त्री ममता करुणा प्रेम वास्तव आदि गुणों की खान होती है। कथा स्थल की हर बात पावन होती है। भारत की पत्नी अपने प्राण देखकर भी अपने पति के सम्मान की रक्षा करती है केवट प्रसंग के बाद हनुमान को शक्ति याद दिलाना लंका दहन संजीवनी लाना रावण वध प्रसंग की पूरी कथा प्रसंगों को छूते हुए श्री राम का राज्याभिषेक झांकी प्रस्तुत की गई।

रामसेतु में गिलहरी के सहयोग का वर्णन करते हुए सबको राष्ट्र सेवा में लगने का संकल्प दिलाया पूरे पंडाल में युवाओं को जोशीली वाणी द्वारा राष्ट्र धर्म पालन का वचन दिलाया भगवा लहराते हुए हर व्यक्ति को राम राज्य स्थापना में लगने का आह्वान किया। जोश एवं भक्तिमय वातावरण से पूरा पंडाल गूंज उठा। इस मौके पर देशभक्ति गीतों पर महिला व पुरुषों ने नृत्य भी किया। वही कथा का गुरुवार को हवन पूर्णाहुति के साथ समापन होगा इस मौके पर विशाल राम जन्मोत्सव व हिंदू धर्म सम्मेलन का आयोजन होगा 1000 से अधिक संतों का समागम होगा। सम्मेलन में डबोक फतहनगर मावली भटेवर वल्लभनगर कानोड़ लसाडिया कुराबड सहित विभिन्न गांवो के लोग सम्मेलन में भाग लेंगे। 5100 दीपकों की महासंगम होगा। साथ ही राष्ट्रीय संत स्वामी चीदम्बरानंद महाराज का विशेष सहयोग मिलेगा
