सलूंबर जिले के सराडी में 1 माह की मशक्कत के बाद पिंजरे में कैद हुआ पैंथर,ग्रामीणों को मिली राहत
गिंगला,डीपी न्यूज नेटवर्क । सराडी ग्राम पंचायत में विगत एक माह से दशहत और और ग्रामीणों के डर का कारण बना पैंथर आखिरकार बुधवार देर शाम को पिंजरे में कैद हो गया।
वन विभाग के अधिकारी लोकेंद्र सिंह चौहान और गौतम सालवी के नेतृत्व में वन विभाग की टीम विगत एक माह से लगातार पैंथर मूवमेंट की ट्रेकिंग और ग्रामीणों के फीडबैक के आधार पर इसके मूवमेंट पर नजर रखे हुए थी दो दिन से लगातार ढोलकाकर और पानीकोटडा के आस पास पैंथर की मूवमेंट का पता चलने पर पिंजरे को माना बावजी मंदिर के पास के क्षेत्र में लगाया गया जहा शाम को ही पैंथर पिंजरे में कैद हो गया । जिसके बाद उसे देखने ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी ।
विधायक ने नवीन पिंजरे की घोषणा की थी
एक माह पूर्व मेवल क्षेत्र के सराडी और आस पास के गांवों में पैंथर के मूवमेंट और रिहायशी इलाकों में शिकार की घटनाओं के बाद बात सामने आई की पिजरा एक ही हे सलूंबर रेंज में । तब जिला उपाध्यक्ष चंद्रशेखर जोशी ने संसाधनों की कमी को लेकर स्थानीय विधायक शांता देवी मीणा से आग्रह किया की वन विभाग करावली रेंज को एक पिंजरा दिलवाया जाए । इस पर जन हित में विधायक शांता देवी ने तुरंत एक पिंजरे की घोषणा विधायक मद से देने का आश्वासन दिया। तब एक नवीन पिंजरा तुरंत ही लाकर रखवाया गया ।
इधर ग्रामीणों ने पैंथर के पकड़े जाने पर राहत की सांस लेते हुए वन विभाग के अधिकारियों और स्थानीय विधायक शांता देवी मीणा का आभार जताया है।
इनपुट : ओमप्रकाश सोनी
