उदयपुर में लेपर्ड ने बाइक सवार युवक पर किया हमला ; हाथ पर नाखून लगने से बहने लगा खून ; अब तक आदमखोर लेपर्ड ले चुका है 9 की जान
उदयपुर,डीपी न्यूज नेटवर्क । उदयपुर के गोगुंदा तहसील में लेपर्ड के हमले लगातार जारी है। लेपर्ड जंगल और पहाड़ों पर सर्च टीम को भी चकमा दे रहा है। एक बार फिर शनिवार शाम करीब 6.30 बजे लेपर्ड ने एक युवक पर अटैक किया। लेपर्ड के नाखून लगने से युवक के हाथ से खून बहने लगा और टी-शर्ट फट गया।
युवक ने गांव में जाकर लोगों को बताया तो दर्जनों लोग हाथों लाठी-डंडे लेकर हमले वाली जगह पर पहुंचे, लेकिन वहां लेपर्ड नहीं दिखा। इससे पहले शुक्रवार रात को भी आदमखोर ने सायरा वन रेंज के पास ढोल गांव में दो अटैक किए। सड़क किनारे छुपे लेपर्ड ने एक बाइक सवार का 200 मीटर तक पीछा किया। युवक ने बड़ी मुश्किल से अपनी जान बचाई। वहीं, आदमखोर एक घर में भी घुस गया। यहां उसने गायों पर हमला किया।
8 सितंबर से गोगुंदा और झाड़ोल एरिया के 4 से ज्यादा गांवों में लेपर्ड हमले कर रहा है। बीते 27 दिन में वो 9 लोगों को मार चुका है। अब तक वन विभाग की टीमें उसे पकड़ने में नाकाम रही हैं। आदमखोर को पकड़ने या मारने के लिए जंगलों में 12 शूटर्स मौजूद हैं। जंगलों व पहाड़ों पर वन विभाग की इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम भी (ERT) लेपर्ड की तलाश में जुटी है ।
लेपर्ड का नाखून लगने से हाथ से बहने लगा खून
गोगुंदा ब्लॉक की पाटिया ग्राम पंचायत के भारोड़ी गांव में मेघवाल बस्ती के पास बाइक लेकर घर जा रहे दिनेश (20) पुत्र वनाराम मेघवाल पर लेपर्ड ने हमला कर दिया। लेपर्ड के नाखून लगने से दिनेश के हाथ से खून बहने लगा और टीशर्ट फट गया। उसने गांव में जाकर लोगों को बताया तो दर्जनों लोग लाठी-डंडे लेकर हमले वाली जगह पर पहुंचे, लेकिन वहां लेपर्ड नहीं दिखा।
अचानक बाइक के सामने आया लेपर्ड
सरदारपुरा गांव निवासी कालू सिंह ने बताया कि वो शुक्रवार शाम करीब साढ़े सात बजे घर लौट रहे थे। ढोल गांव के सरकारी स्कूल से करीब एक किलोमीटर आगे अचानक लेपर्ड उनकी बाइक के आगे आ गया। उन्होंने तुरंत बाइक की स्पीड बढ़ा दी। लेपर्ड ने उन पर हमला करने की कोशिश की और कुछ दूरी तक पीछा भी किया।
इधर वन विभाग की इमरजेंसी रिस्पांस टीम (ERT) भी जंगल में सर्च कर रही है। सीसीएफ (वाइल्ड लाइफ) जयपुर टी. मोहन राज, सरिस्का के फील्ड डायरेक्टर संग्राम सिंह और कोटा के रामगढ़ विषधारी अभयारण्य के डीसीएफ संजीव शर्मा की टीम ने लेपर्ड को ट्रैंकुलाइज करने का नया प्लान बनाया है। टीम ने हमले की लोकेशन को लेकर भी पूरी जानकारी ली।
ढोल गांव में ही बस स्टैंड के पास शुक्रवार रात करीब ढाई बजे लेपर्ड गांव में घुस गया। यहां उसने ग्रामीण पन्ना गिरी के बाड़े में बंधी गायों पर हमला कर दिया। लेपर्ड के आने के दौरान गायों की आवाज से परिवार के सदस्य जाग गए और बाड़े की तरफ लाठियां लेकर दौड़े। इसके बाद लेपर्ड वहां से भाग गया।
