तीन जिलों में नवगठित चार नगरपालिकाएं निरस्त, पुनः पंचायती राज सीमाओं में शामिल
RAJASTHAN प्रदेश के तीन जिलों में बनाई गई चार नगर पालिकाओं को निरस्त करते हुए पुन: वहां पर पंचायतीराज विभाग की संस्थाएं ही यथावत कर दी है। इस संबंध में पंचायतीराज विभाग ने जोधपुर हाईकोर्ट के स्थगन आदेश के साथ अपने आदेश जारी कर दिए है। इसमें सलूंबर, बांसवाड़ा और डूंगरपुर जिले की टीएसपी क्षेत्र में पालिकाएं बनाई गई थी।जोधपुर हाईकोर्ट के आदेशों की पालना में स्वायत्त शासन विभाग की अधिसूचना को निरस्त कर दिया है। इसके तहत सलूंबर जिले की सराड़ा—चावंड, सेमारी, बांसवाड़ा जिले की घाटोल और डूंगरपुर जिले की सीमलवाड़ा नगर पालिका बनाने की अधिसूचना निरस्त कर दी गई है।
ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग पंचायती राज के शासन सचिव एवं आयुक्त रवि जैन ने निकाने आदेश में बताया कि नगर पालिका में सम्मिलित ग्राम पंचायतों को फिर से पंचायती राज संस्थाओं की सीमाओं में सम्मिलित किया जाए। इस संबंध में मुख्य कार्यकारी जिला परिषद को भी आदेश का पालना के लिए कहा है ।
उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार ने नगर पालिका सीमलवाड़ा, घाटोल और महाराणा प्रताप नगर सराडा चावंड को नगर पालिका बनाने की अधिसूचना जारी कर दी। ये सभी ग्राम पंचायतें टीएसपी क्षेत्र में थी जिनको राज्य सरकार ने अपनी अधिसूचना से नगर पालिका बना दिया।
यह मामला हाईकोर्ट पहुंचा और याचिका कर्ताओं की और से तर्क दिया गया कि राज्य सरकार को संविधान की पांचवीं अनुसूची के तहत टीएसपी क्षेत्रों में नगर पालिका गठन का अधिकार नहीं है। टीएसपी क्षेत्र में भारत की संसद अनुच्छेद 243 जेडसी के तहत कानून बनाकर ही नगरपालिका गठित कर सकते हैं। हाईकोर्ट के स्थगन आदेश के बाद पंचायतीराज विभाग ने अब नगर पालिकाएं के आदेश को निरस्त कर दिया है।।
