एनसीईआरटी एवं परख के संयुक्त तत्वावधान में शिक्षकों ने सीखें मुल्यांकन के नये तरीके
ऋषभदेव,डीपी न्यूज । विवेकानन्द केन्द्र विद्यालय ,ऋषभदेव में एनसीईआरटी एवं परख के संयुक्त तत्वावधान में दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।
कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्था प्रधान विजय श्री यादव, मुख्य अतिथि एकेडमिक डायरेक्टर कैप्टन जसप्रीत कौर, विशिष्ट अतिथि के.बी.खटोड़, मुख्य कार्यकारी अधिकारी ,आर.एस.डब्ल्यू एम.मिल ऋषभदेव थे।कार्यशाला में 11 स्कूल के 50 शिक्षकों ने सहभागिता की। दिल्ली से रिसोर्स पर्सन डा.विवेक गुप्ता ने बताया कि हाल ही में, राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) ने एक नई ‘समग्र प्रगति कार्ड’ (Holistic Progress Card, HPC) प्रणाली की शुरुआत की है। यह प्रणाली छात्रों की प्रगति का मूल्यांकन पारंपरिक अंकों या ग्रेड के बजाय उनके संपूर्ण विकास के आधार पर करेगी। इसमें छात्रों की शैक्षणिक प्रदर्शन के साथ-साथ उनके सामाजिक-भावनात्मक कौशल, रचनात्मकता और अन्य महत्वपूर्ण कौशलों को भी शामिल किया जाएगा ।HPC मॉडल के अंतर्गत छात्रों की प्रगति का मूल्यांकन शिक्षकों के साथ-साथ उनके सहपाठियों और माता-पिता के इनपुट के आधार पर भी किया जाएगा। यह मॉडल पूर्व प्राथमिक (बाल वाटिका)प्राथमिक स्तर (कक्षा 1 और 2), तैयारी स्तर (कक्षा 3 से 5) और माध्यमिक स्तर (कक्षा 6 से 8) के लिए डिजाइन किया गया है। साथ ही, माध्यमिक स्तर के लिए भी इस प्रणाली को विकसित किया जा रहा है ।CBSE और कई राज्यों ने इस प्रणाली को अपनाना शुरू कर दिया है। इसमें छात्रों को ‘आरंभिक’, ‘प्रगति पर’, और ‘निपुण’ श्रेणियों में विभाजित किया जाएगा, जिससे उनके विकास का एक समग्र दृष्टिकोण मिल सकेगा। इस प्रणाली के तहत छात्रों को आत्ममूल्यांकन और उनके सहपाठियों के मूल्यांकन का भी मौका मिलेगा, जिससे उनकी सीखने की प्रक्रिया में सुधार होगा ।यह प्रणाली राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के तहत विकसित की गई है, जिसका उद्देश्य शिक्षा में उच्च स्तर के कौशल जैसे विश्लेषण, आलोचनात्मक सोच और अवधारणात्मक स्पष्टता को प्राथमिकता देना है। इससे शिक्षा प्रणाली को अधिक छात्र-केंद्रित और प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।
उन्होंने विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से अवधारणा को स्पष्ट किया। शिक्षकों ने सक्रिय भागीदारी की। प्रोजेक्टर पर पीपीटी को प्रदर्शित करते हुए शिक्षकों से फीडबैक लिया। जिज्ञासा समाधान अंतर्गत शिक्षकों की समस्या का समाधान किया। दो दिवसीय इस कार्यशाला में बहुत ही श्रेष्ठ आयोजन के लिए सभी प्रतिभागियों ने विद्यालय आयोजन टीम की सराहना की। सभी प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापन श्रीमती जया नायर ने किया।
