उदयपुर : फलासिया थानाधिकारी व तीन अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ अपने ही थाने में केस दर्ज
जिले के फलासिया थानाधिकारी सहित तीन अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ उनके ही थाने में न्यायालय से प्राप्त परिवाद के आधार पर मामला दर्ज किया गया है। मामले की जांच झाड़ोल थानाधिकारी रतन सिंह चौहान करेंगे। एडवोकेट दिलीप भामावत के अनुसार फलासिया थानांतर्गत गरनवास निवासी बीरबल पुत्र प्रताप लाल परमार ने न्यायालय में परिवाद पेश कर आरोप लगाया कि 26 फरवरी 2024 को पीड़ित गरणवास पर दुकान व दूध का हिसाब कर रहा था। शाम को फलासिया थाने की सरकारी जीप आई। इसमें से थानाधिकारी सीताराम व सिपाही बंशीलाल नीचे उतरे और बिना कोई पूछताछ व बिना किसी कारण लात-मुक्कों से उसके साथ मारपीट की। परिवादी को उठाकर जबरन पुलिस जीप में डाल दिया और पुलिस थाना फलासिया ले गए। थाने ले जाकर वहां की जेल में डाल दिया। थानाधिकारी, सिपाही बंशीलाल व अन्य दो कांस्टेबल ने बारी-बारी से लात-मुक्कों व पट्टे से मारपीट की।
जबकि परिवादी के विरुद्ध किसी प्रकार का आपराधिक प्रकरण नहीं है। इसके बावजूद थानाधिकारी सीताराम व अन्य तीन पुलिसकर्मी पद का दुरुपयोग कर परिवादी को उसकी दुकान से पीटते हुए ले गए। फिर सरकारी पुलिस वाहन में डालकर फलासिया थाना लाए और गैर कानूनी तरीके से जेल में बंद कर मारपीट व गाली-गलौज की ।
परिवादी ने घटना की लिखित सूचना जिला पुलिस अधीक्षक उदयपुर को दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं होने से परिवाद न्यायालय में पेश किया गया। परिवाद के आधार पर न्यायालय ने फलासिया पुलिस को मामला दर्ज कर जांच करने के निर्देश दिए। इसके बाद थानाधिकारी सीताराम, कांस्टेबल बंशीलाल, वाहन चालक और एक अन्य पुलिसकर्मी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। वहीं आरोपों को लेकर थानाधिकारी सीताराम ने कहा कि मामले की जांच चल रही है। जांच के बाद स्थिति साफ हो जाएगी।
