आरसीएचओ के ओचक निरीक्षण उदयपुर के दो हॉस्पिटल मिले बंद , 15 का स्टाफ लेट, 20 मिनट इंतजार किया, लिखा : ताला खोलने से पहले मुझसे बात करे
गिर्वा पंचायत समिति के दो प्राइमरी हेल्थ सेंटर (पीएचसी) बुधवार को बंद मिले। औचक निरीक्षण करने पहुंचे जिला प्रजनन एवं शिशु स्वास्थ्य अधिकारी (आरसीएचओ) डॉ. अशोक आदित्य ने दोनों पीएचसी के ताला लगे गेट पर नोटिस चस्पा कर दिया। जिस पर लिख दिया कि संस्थान का ताला खोलने से पहले आरसीएचओ से बात करें।
आरसीएचओ डॉ. आदित्य ने बताया कि स्टाफ के देर से पहुंचने की शिकायत पर दोनों पीएचसी का बुधवार सुबह औचक निरीक्षण किया। पहले सुबह ठीक 9 बजे पीएचसी साकरोदा पहुंचा। वहां 10 मिनट तक रुका, लेकिन कोई स्टाफ नहीं आया। गेट पर नोटिस चस्पा कर दिया। इसके बाद भल्लों का गुढ़ा पीएचसी पहुंचा। वहां भी ताला लगा था। सुबह 9:20 बजे तक कोई भी स्टाफ नहीं पहुंचा। ऐसे में यहां भी नोटिस चस्पा किया गया।
भल्लों का गुढ़ा पीएचसी में स्टाफ सुबह 9:33 बजे पहुंचा। उन्होंने गेट पर नोटिस देखकर ताला खोलने से पहले मुझे फोन किया। मैंने कारण पूछा तो घर में किसी काम से लेट होना बताया। वहीं, साकरोदा पीएचसी पर मैंने गिर्वा बीसीएमओ को मौके पर भेजकर आगे की कार्रवाई के लिए कहा था। वहां भी पौने दस बजे तक पूरा स्टाफ पहुंच पाया था। आरसीएचओ ने बताया कि दोनों ही पीएचसी के पूरे स्टाफ को नोटिस देकर जवाब मांगा गया है कि आखिर वे समय पर क्यों नहीं पहुंचे।
साकरोदा पीएचसी पर चस्पा किया गया नोटिस।
डॉ. अशोक आदित्य ने बताया कि पीएचसी खुलने का निर्धारित समय सुबह 9 से दोपहर 3 बजे तक है। दोनों ही पीएचसी पर स्टाफ के देरी पहुंचने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। मरीजों को समय पर इलाज नहीं मिल रहा था। स्टाफ का लेट पहुंचना ड्यूटी के प्रति लापरवाही को दर्शाता है।
