श्री मानस नाथ विकलांग विकास संस्थान की कार्यकारिणी का हुआ विस्तार
उदयपुर,नितेश पटेल । नगर निगम प्रांगण मे श्री मानस नाथ विकलांग विकास संस्थान की नई कार्यकारिणी का गठन किया गया।संस्थापक जमनालाल सुथार ने दिव्यांगों का धन्यवाद व्यक्त करते हुए कहा कि जिस किसी के पास जो पद व दायित्व आया है सभी मिलकर अपने कर्तव्य का पालन करते हुए संस्थान के कार्य को आगे बढ़ाएंगे और संस्थान को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का प्रयत्न करेंगे।संस्थान के नव नियुक्त अध्यक्ष विजय कुड़िया ने बताया कि हमारे देश में दिव्यांगों के उत्थान के प्रति सरकारी तंत्र में अजीब-सी शिथिलता नजर आती है।हालांकि हर स्तर से दिव्यांगों के प्रति दयाभाव जरूर प्रकट किये जाते हैं,जबकी दिव्यांगो को दया की नहीं अवसर उपलब्ध कराने की आवश्यकता है।संस्थान सचिव गोपाल चारण ने अपने विचार व्यक्त करते हुए बताया कि विकलांग अधिकार कानून के तहत अगर विकलांगों को रोजगार और नौकरी मिल जाती है तो फिर कोई जरूरत ही नहीं है हमें धरना प्रदर्शन करने की विकलांगों का विकास अपने आप हो जाएगा फिर कोई विकलांगों को जरूरत नहीं रहेगी सरकार के पास से ट्राईसाईकिल लेने की और ना ही कोई जरूरत रहेगी किसी भी सुविधा की सबसे बड़ी बुनियादी सुविधा है। अगर तो वह है रोजगारी नौकरी एवं जो बहुत ज्यादा विकलांग है उन्हें अपना जीवन समान भर जी सके। इसके लिए उचित पेंशन पूरे देश में एक सम्मान दिया जाना चाहिए।संस्थान उपाध्यक्ष कमलेश वैष्णव ने बताया कि दिव्यांगों के लिए उसी तरह से प्रावधान किए जाएं जैसे पिछड़ी जातियों के लिए किए गए हैं।दिव्यांगों को उनके वाजिब अधिकार और समाज में उचित स्थान मिलना चाहिए।राजकीय सेवा में शिक्षक पद पर कार्यरत दिव्यांग दंपति भेरू सिंह,मेहक ने बताया कि दिव्यांग लोगों के लिए बुनियादी सुविधाओं तक पहुंच आज भी एक समस्या बनी हुई है।पुष्पा सालवी ने कहा कि सरकार दिव्यांगजनों के लिए बहुत सी योजनाएं तो बनाती है,परंतु जानकारी के अभाव में जमीनी स्तर पर उन्हें इसका लाभ नहीं मिल पाता। दिव्यांगजनों को मिलने वाली सभी सुविधाओं के लिए सरकार को ज्यादा से ज्यादा प्रचार करना चाहिए ताकि यह सभी सुविधाएं उन तक पहुंच सकें।पूर्व पार्षद राजेश चौहान,लक्ष्मी लाल डांगी,तुलसीराम लोहार,अंबा तेली,नरेंद्र मेनारिया सहित दिव्यांग सदस्यों की उपस्थिति रही।
